भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें 03 अप्रैल 2026: स्थिर भाव, उपभोक्ताओं को राहत

भारत में ईंधन की कीमतें रोजाना सुबह 6 बजे अपडेट होती हैं और इनमें छोटे-मोटे बदलाव राज्य-स्तरीय करों, परिवहन लागत तथा वैश्विक कच्चे

Apr 3, 2026 - 08:57
Apr 3, 2026 - 10:28
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भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें 03 अप्रैल 2026: स्थिर भाव, उपभोक्ताओं को राहत
भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें 03 अप्रैल 2026: स्थिर भाव, उपभोक्ताओं को राहत

भारत में ईंधन की कीमतें रोजाना सुबह 6 बजे अपडेट होती हैं और इनमें छोटे-मोटे बदलाव राज्य-स्तरीय करों, परिवहन लागत तथा वैश्विक कच्चे तेल के भाव पर निर्भर करते हैं। 03 अप्रैल 2026 को देश के अधिकांश शहरों में पेट्रोल और डीजल के भाव पिछले कई दिनों से स्थिर बने हुए हैं। दिल्ली जैसे प्रमुख शहरों में पेट्रोल रू.94.77 प्रति लीटर और डीजल रू.87.67 प्रति लीटर पर टिका हुआ है, जबकि मुंबई में ये भाव काफी ऊंचे बने हुए हैं। उपभोक्ता इन दरों पर नजर रखते हैं क्योंकि ईंधन की कीमतें सीधे परिवहन, वस्तुओं की कीमतों और दैनिक जीवन पर प्रभाव डालती हैं।

  • आज के ईंधन बाजार में स्थिरता बनी रही, वैश्विक तेल कीमतों में गिरावट का असर

आज के ईंधन बाजार में स्थिरता बनी रही है। विभिन्न विश्वसनीय स्रोतों जैसे कारडेको, गुडरिटर्न्स, इकोनॉमिक टाइम्स, लाइवमिंट और फाइनेंशियल एक्सप्रेस से प्राप्त जानकारी को क्रॉस-वेरिफाई करने के बाद पुष्टि हुई है कि 03 अप्रैल 2026 को कोई बड़ा बदलाव नहीं दर्ज किया गया। दिल्ली, नोएडा और लखनऊ जैसे उत्तर भारतीय शहरों में भाव अपेक्षाकृत कम हैं, जबकि कोलकाता, मुंबई और चेन्नई में राज्य करों के कारण ये ऊंचे हैं। असम, मध्य प्रदेश और राजस्थान जैसे राज्यों में औसत भाव राष्ट्रीय औसत से थोड़े ऊपर हैं।

ये कीमतें विभिन्न ऑयल मार्केटिंग कंपनियों जैसे इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम द्वारा तय की जाती हैं। रोजाना सुबह 6 बजे रिव्यू होने के बावजूद आज कोई वृद्धि या कमी नहीं हुई। उपभोक्ताओं को सलाह है कि स्थानीय पेट्रोल पंप पर जाकर या आधिकारिक ऐप्स से नवीनतम दरें चेक करें, क्योंकि बहुत छोटे अंतर शहर के विभिन्न हिस्सों में हो सकते हैं।

जगह का नाम पेट्रोल भाव (रू. प्रति लीटर) डीजल भाव (रू. प्रति लीटर)
दिल्ली 94.77 87.67
नोएडा 94.74 - 95.16 87.89 - 88.01
लखनऊ 94.57 - 94.84 87.80 - 87.98
कानपुर 94.44 - 94.64 87.75 - 89.14
बरेली 94.80 (लगभग) 88.51
शाहजहांपुर 94.90 (लगभग UP औसत) 88.00 (लगभग)
बाराबंकी 94.98 87.86 - 88.06
मुरादाबाद 94.85 (लगभग) 88.10
आगरा 94.38 - 94.51 87.59 - 87.71
हरदोई 94.80 (लगभग UP औसत) 88.00 (लगभग)
कोलकाता 105.41 92.02
पुणे 104.19 - 104.36 90.49
मुम्बई 103.54 90.03
असम (राज्य औसत) 98.93 - 100.04 89.55
चेन्नई 100.80 - 100.84 92.39
तमिलनाडु (राज्य औसत) 100.80 (चेन्नई आधारित) 92.39
मध्य प्रदेश (राज्य औसत) 106.52 - 106.78 91.88 (लगभग)
राजस्थान (राज्य औसत) 105.51 91.77 (कुछ शहरों में)
नोट: कुछ छोटे शहरों जैसे शाहजहांपुर, हरदोई आदि के लिए सटीक आंकड़े उपलब्ध नहीं होने पर उत्तर प्रदेश राज्य के औसत भाव को आधार बनाया गया है, जो वेरिफाई किए गए स्रोतों से मिलते-जुलते हैं। वास्तविक भाव पंप पर थोड़ा भिन्न हो सकता है।

पेट्रोल और डीजल की कीमतें भारत की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। ये न केवल व्यक्तिगत वाहन मालिकों को प्रभावित करती हैं बल्कि पूरे परिवहन क्षेत्र, कृषि, उद्योग और दैनिक वस्तुओं की कीमतों पर भी असर डालती हैं। 03 अप्रैल 2026 को दिल्ली में पेट्रोल रू.94.77 पर स्थिर रहने से NCR क्षेत्र के निवासियों को राहत मिली है। नोएडा में पेट्रोल रू.94.74 से रू.95.16 के बीच है, जो दिल्ली से बहुत ज्यादा अंतर नहीं दिखाता। लखनऊ में पेट्रोल रू.94.57 से रू.94.84 के आसपास है, जो उत्तर प्रदेश के अन्य शहरों से मेल खाता है।

कानपुर जैसे औद्योगिक शहर में पेट्रोल रू.94.44 से रू.94.64 तक दर्ज किया गया, जबकि डीजल रू.87.75 से रू.89.14 तक है। बरेली, बाराबंकी, मुरादाबाद, आगरा और हरदोई जैसे शहरों में भी UP के औसत के आसपास भाव हैं, जो लगभग रू.94.80 पेट्रोल और रू.88.00 डीजल के करीब हैं। ये छोटे शहर ट्रक और बस परिवहन पर ज्यादा निर्भर करते हैं, इसलिए डीजल की स्थिरता उनके लिए फायदेमंद है।

पूर्वी भारत में कोलकाता का पेट्रोल रू.105.41 और डीजल रू.92.02 काफी ऊंचा है। यह पश्चिम बंगाल के उच्च कर संरचना के कारण है। पश्चिम भारत में मुंबई पेट्रोल रू.103.54 और डीजल रू.90.03 पर है, जो महाराष्ट्र के टैक्स के चलते महंगा है। पुणे में पेट्रोल रू.104.19 से रू.104.36 तक पहुंच गया है, जो मुंबई से थोड़ा अलग है।

दक्षिण भारत में चेन्नई पेट्रोल रू.100.80 और डीजल रू.92.39 पर है। तमिलनाडु राज्य में भी यही ट्रेंड देखा जाता है। असम में पेट्रोल रू.98.93 से रू.100.04 और डीजल रू.89.55 है, जो पूर्वोत्तर राज्यों में अपेक्षाकृत बेहतर है लेकिन परिवहन चुनौतियों के कारण प्रभावित होता है।

मध्य प्रदेश में पेट्रोल औसतन रू.106.52 से रू.106.78 तक है, जो राज्य की भौगोलिक स्थिति और टैक्स नीति से जुड़ा है। राजस्थान में पेट्रोल रू.105.51 है, जहां डीजल भी कुछ शहरों में रू.91.77 तक पहुंचता है। ये राज्य बड़े क्षेत्रफल वाले हैं, इसलिए ईंधन की खपत अधिक होती है और कीमतें उपभोक्ताओं के बजट पर बोझ डालती हैं।

विश्व स्तर पर ब्रेंट क्रूड की कीमतें हाल के दिनों में कुछ गिरावट दिखा रही हैं, जिसका असर भारतीय बाजार पर पड़ा है। हालांकि भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें पूरी तरह वैश्विक भाव पर नहीं निर्भर करतीं क्योंकि इनमें एक्साइज ड्यूटी, VAT और अन्य स्थानीय कर शामिल हैं। 03 अप्रैल 2026 को कोई बड़ा अंतरराष्ट्रीय घटना नहीं होने से भाव स्थिर रहे। उपभोक्ताओं के लिए सुझाव: हमेशा नजदीकी पेट्रोल पंप पर या सरकारी ऐप्स जैसे IOCL, BPCL के माध्यम से चेक करें। कुछ जगहों पर प्रीमियम पेट्रोल और डीजल के भाव अलग होते हैं, जो सामान्य से रू.5-10 ज्यादा हो सकते हैं। ईंधन बचत के लिए कुशल ड्राइविंग, नियमित सर्विसिंग और पब्लिक ट्रांसपोर्ट का उपयोग करें।

पिछले वर्षों में पेट्रोल और डीजल की कीमतें कई बार ऊंची चढ़ी हैं। 2025-26 में भी वैश्विक तनावों के कारण उतार-चढ़ाव देखा गया, लेकिन हाल के महीनों में स्थिरता बनी हुई है। सरकार समय-समय पर एक्साइज ड्यूटी में बदलाव करती है ताकि आम आदमी पर बोझ कम हो। उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य में कई छोटे शहरों जैसे शाहजहांपुर, हरदोई, बाराबंकी आदि में भाव लगभग एक समान रहते हैं क्योंकि ये राज्य स्तर के टैक्स से प्रभावित होते हैं। आगरा और मुरादाबाद जैसे पर्यटन और औद्योगिक केंद्रों में भी यही स्थिति है। दक्षिण और पूर्व के शहरों में अंतर ज्यादा है। कोलकाता में ऊंचे भाव के बावजूद वहां की अर्थव्यवस्था अनुकूलित हो चुकी है। मुंबई और पुणे में महंगे ईंधन के बावजूद वाहन उपयोग अधिक है, जिससे प्रदूषण और यातायात चुनौतियां बढ़ती हैं।

असम और पूर्वोत्तर क्षेत्रों में ईंधन सप्लाई पाइपलाइन और सड़क मार्ग पर निर्भर है, इसलिए मौसम के अनुसार भाव प्रभावित हो सकते हैं। मध्य प्रदेश और राजस्थान में कृषि पर निर्भरता के कारण डीजल की मांग ज्यादा रहती है, खासकर फसल सीजन में। समग्र रूप से 03 अप्रैल 2026 को देशभर में ईंधन बाजार शांत रहा। कोई बड़ा उछाल या गिरावट नहीं हुई, जो उपभोक्ताओं के लिए अच्छी खबर है। भविष्य में वैश्विक तेल उत्पादन, OPEC निर्णय और भारतीय अर्थव्यवस्था की गति इन भावों को प्रभावित करेगी।

नोट - यह रिपोर्ट विभिन्न स्रोतों से प्राप्त आंकड़ों पर आधारित है और वेरिफाई की गई है। वास्तविक खरीदारी से पहले स्थानीय पंप पर कन्फर्म करें क्योंकि बहुत मामूली अंतर हो सकता है।

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