पद्मश्री 2026 में सतीश शाह का नाम मरणोपरांत, सुमित राघवन ने कहा 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए', अभिनेता के योगदान पर उठाया सवाल।
भारत सरकार ने गणतंत्र दिवस 2026 की पूर्व संध्या पर पद्म पुरस्कारों की सूची घोषित की, जिसमें दिवंगत अभिनेता सतीश शाह को मरणोपरांत
- भारत के प्रतिष्ठित पद्म पुरस्कारों की 2026 सूची में दिवंगत अभिनेता सतीश शाह का नाम मरणोपरांत पद्मश्री से सम्मानित होने वालों में शामिल हुआ है, जहां उनके ऑन-स्क्रीन बेटे सुमित राघवन ने इस सम्मान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए' जब सतीश शाह जीवित थे, जो उनके योगदान को जीते जी मान्यता न मिलने पर उठाए गए सवाल को दर्शाता है।
- दिवंगत सतीश शाह को मरणोपरांत पद्मश्री, ऑन-स्क्रीन बेटे सुमित राघवन ने पूछा 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए' जब वो जीवित थे
- सतीश शाह को पद्मश्री मरणोपरांत सम्मान, ऑन-स्क्रीन बेटे सुमित राघवन की भावुक प्रतिक्रिया 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए' जब वो थे जीवित
भारत सरकार ने गणतंत्र दिवस 2026 की पूर्व संध्या पर पद्म पुरस्कारों की सूची घोषित की, जिसमें दिवंगत अभिनेता सतीश शाह को मरणोपरांत पद्मश्री से सम्मानित किया गया। सतीश शाह ने भारतीय सिनेमा और टेलीविजन में महत्वपूर्ण योगदान दिया। वे 'सराभाई वर्सेज सराभाई' जैसे लोकप्रिय शो में इंद्रवदन सराभाई के किरदार के लिए प्रसिद्ध थे। पद्मश्री भारत का चौथा सर्वोच्च नागरिक सम्मान है। यह पुरस्कार कला, साहित्य, शिक्षा और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए दिया जाता है। सतीश शाह की मृत्यु पिछले वर्ष हुई थी। मरणोपरांत यह सम्मान उनके कार्यों को मान्यता देता है। सूची में अन्य हस्तियों के नाम भी शामिल हैं। सतीश शाह के सह-कलाकारों ने इस सम्मान पर प्रतिक्रिया दी। उनके ऑन-स्क्रीन बेटे सुमित राघवन ने भी बयान दिया।
सतीश शाह को पद्मश्री मरणोपरांत प्रदान किया गया। सुमित राघवन, जो 'सराभाई वर्सेज सराभाई' में उनके बेटे का किरदार निभाते थे, ने इस पर प्रतिक्रिया दी। सुमित राघवन ने कहा कि 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए' जब सतीश शाह जीवित थे। यह बयान सतीश शाह के योगदान को जीवित रहते मान्यता न मिलने पर आधारित था। सुमित राघवन ने भावुक होकर यह बात कही। सतीश शाह ने कई फिल्मों और टीवी शो में काम किया। 'सराभाई वर्सेज सराभाई' में उनका किरदार यादगार रहा। पद्मश्री सम्मान उनकी कला में योगदान को मान्यता देता है। मरणोपरांत यह पुरस्कार परिवार या निकटजनों को प्रदान किया जाएगा। सुमित राघवन का बयान मीडिया में छाया रहा।
पद्म पुरस्कार 2026 की सूची में सतीश शाह का नाम मरणोपरांत पद्मश्री के लिए शामिल हुआ। गृह मंत्रालय ने 25 जनवरी 2026 को सूची जारी की। सतीश शाह की मृत्यु किडनी फेलियर से हुई थी। सुमित राघवन ने इस सम्मान पर प्रतिक्रिया में कहा कि 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए'। सुमित राघवन ने सतीश शाह को ऑन-स्क्रीन पिता माना। दोनों के बीच गहरा बंधन था। सुमित राघवन ने भावुक होकर यह सवाल उठाया। पद्मश्री कला क्षेत्र में उनके योगदान को सम्मानित करता है। सतीश शाह ने कॉमेडी और ड्रामा दोनों में काम किया। यह सम्मान उनकी विरासत को मान्यता देता है। सुमित राघवन का बयान प्रशंसकों के बीच चर्चा का विषय बना।
सतीश शाह को पद्मश्री मरणोपरांत मिला। सुमित राघवन ने कहा 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए' जब सतीश शाह जीवित थे। सुमित राघवन 'सराभाई वर्सेज सराभाई' में सतीश शाह के बेटे थे। सुमित राघवन ने इस पर भावुक प्रतिक्रिया दी। सतीश शाह ने भारतीय मनोरंजन में योगदान दिया। पद्मश्री पुरस्कार उनकी कला को सम्मानित करता है। मरणोपरांत यह पुरस्कार परिवार को प्रदान किया जाएगा। सुमित राघवन का बयान सम्मान की समयबद्धता पर सवाल उठाता है। पद्म पुरस्कारों की सूची में कई नाम शामिल हैं। सतीश शाह का नाम कला श्रेणी में है।
दिवंगत सतीश शाह को पद्मश्री 2026 से सम्मानित किया गया। सुमित राघवन ने प्रतिक्रिया में कहा 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए'। सुमित राघवन ने सतीश शाह को पिता की तरह माना। दोनों का रिश्ता 'सराभाई वर्सेज सराभाई' से जुड़ा था। सुमित राघवन भावुक हुए। पद्मश्री उनके योगदान को मान्यता देता है। सतीश शाह ने कई भूमिकाएं निभाईं। मरणोपरांत सम्मान उनकी स्मृति को जीवित रखता है। सुमित राघवन का बयान मीडिया में प्रमुख रहा। पद्म पुरस्कार गणतंत्र दिवस पर घोषित होते हैं। सतीश शाह का नाम सूची में शामिल हुआ।
सतीश शाह को मरणोपरांत पद्मश्री मिला। सुमित राघवन ने कहा 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए'। सुमित राघवन ऑन-स्क्रीन बेटे थे। सुमित राघवन ने भावुक होकर यह बात कही। सतीश शाह की कला को सम्मान मिला। पद्मश्री सर्वोच्च नागरिक पुरस्कारों में से एक है। सुमित राघवन का बयान सम्मान की देरी पर केंद्रित था। सतीश शाह ने टेलीविजन और फिल्मों में काम किया। यह सम्मान उनकी विरासत का हिस्सा है। पद्म पुरस्कार 2026 की सूची में शामिल। सुमित राघवन की प्रतिक्रिया उल्लेखनीय रही।
इस पद्मश्री सम्मान में दिवंगत सतीश शाह को मरणोपरांत मान्यता मिली। सुमित राघवन ने 'ये अवॉर्ड तब क्यों नहीं दिए' कहकर प्रतिक्रिया दी। सुमित राघवन ने सतीश शाह को पिता माना। दोनों का बंधन प्रसिद्ध शो से था। सुमित राघवन भावुक थे। पद्मश्री उनके योगदान को सम्मानित करता है। सतीश शाह की मृत्यु के बाद यह पुरस्कार आया। सुमित राघवन का बयान सवाल उठाता है। पद्म पुरस्कार कला में योगदान के लिए दिए जाते हैं। सतीश शाह का नाम सूची में है। यह सम्मान उनकी स्मृति को बनाए रखता है।
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