कनाडा में भारतीय महिला हिमांशी खुराना हत्याकांड: 7 महीने बाद मुख्य आरोपी अब्दुल गफूरी टोरंटो एयरपोर्ट से गिरफ्तार

कनाडा के टोरंटो में भारतीय मूल की 30 वर्षीय हिमांशी खुराना की हत्या के आरोपी अब्दुल गफूरी को 7 महीने बाद हवाई अड्डे से गिरफ्तार कर लिया गया है। जानिए पूरा घटनाक्रम।

Aug 9, 2026 - 12:47
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कनाडा में भारतीय महिला हिमांशी खुराना हत्याकांड: 7 महीने बाद मुख्य आरोपी अब्दुल गफूरी टोरंटो एयरपोर्ट से गिरफ्तार
Himanshi Khurana Murder Case

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  • कनाडा: टोरंटो में भारतीय मूल की हिमांशी खुराना की हत्या का मुख्य आरोपी अब्दुल गफूरी हवाई अड्डे से गिरफ्तार

कनाडा के टोरंटो में भारतीय मूल की 30 वर्षीय महिला हिमांशी खुराना की संदिग्ध हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। हत्या के लगभग सात महीने बाद फरार चल रहे मुख्य आरोपी और मृतक महिला के पार्टनर 32 वर्षीय अब्दुल गफूरी को टोरंटो एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लिया गया है। यह सनसनीखेज वारदात पिछले साल 19-20 दिसंबर के दौरान टोरंटो के स्ट्रैचन एवेन्यू और वेलिंगटन स्ट्रीट वेस्ट इलाके में हुई थी। पुलिस ने गफूरी के खिलाफ प्रथम श्रेणी हत्या (First-Degree Murder) के तहत मामला दर्ज किया था। अंतरराष्ट्रीय पुलिस एजेंसियों की मदद से हुई इस गिरफ्तारी के बाद अब आरोपी को अदालत में पेश कर आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जाएगी।

यह मामला घरेलू हिंसा से जुड़ी एक गंभीर आपराधिक घटना का है। दिसंबर 2025 में टोरंटो में रह रही भारतीय मूल की हिमांशी खुराना की उनके ही घर के भीतर हत्या कर दी गई थी। शुरुआती जांच के बाद टोरंटो पुलिस ने इसे घरेलू हिंसा के तहत हत्या का मामला करार दिया था। वारदात के बाद से ही हिमांशी का पार्टनर अब्दुल गफूरी, जो टोरंटो का ही निवासी है, मौके से फरार हो गया था। पुलिस ने उसे मुख्य संदिग्ध मानते हुए उसके खिलाफ प्रथम श्रेणी हत्या के आरोप में वारंट जारी किया था। लगभग सात महीने तक चले तलाशी अभियान के बाद शुक्रवार को पुलिस ने उसे टोरंटो हवाई अड्डे से उस समय दबोच लिया, जब वह देश छोड़ने या किसी अन्य स्थान से वापस लौटने की कोशिश कर रहा था।

घटना की शुरुआत 19 दिसंबर 2025 की रात से हुई थी। टोरंटो पुलिस को स्ट्रैचन एवेन्यू और वेलिंगटन स्ट्रीट वेस्ट इलाके से एक महिला के अचानक लापता होने की सूचना रात करीब 10:41 बजे मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके में तलाशी अभियान शुरू किया। अगले दिन यानी 20 दिसंबर की सुबह करीब 6:30 बजे पुलिस को उसी इलाके में स्थित एक मकान के अंदर से 30 वर्षीय हिमांशी खुराना का शव बरामद हुआ।

शव मिलने के बाद फॉरेंसिक टीमों और क्राइम सीन इन्वेस्टिगेटर्स ने मौके से साक्ष्य जुटाए। जांच में पुलिस का शक हिमांशी के पार्टनर अब्दुल गफूरी पर गहरा गया, जो घटना के बाद से ही गायब था। कनाडाई पुलिस ने आरोपी की तलाश में अंतरराष्ट्रीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों और इंटरपोल की मदद ली। सात महीने तक चली सघन निगरानी और इनपुट के आधार पर शुक्रवार को टोरंटो एयरपोर्ट से पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर शनिवार को इसकी आधिकारिक पुष्टि की।

टोरंटो पुलिस सेवा ने शनिवार को एक आधिकारिक बयान जारी कर बताया कि 32 वर्षीय अब्दुल गफूरी को हवाई अड्डे से हिरासत में ले लिया गया है और उस पर प्रथम श्रेणी हत्या का आरोप लगाया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह एक सोची-समझी साजिश और घरेलू हिंसा से जुड़ा मामला नजर आता है।

दूसरी ओर, टोरंटो स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास ने इस दुखद घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया था। भारतीय वाणिज्य दूतावास के अधिकारियों ने पूर्व में कहा था कि वे मृतक हिमांशी खुराना के परिवार के लगातार संपर्क में हैं और उन्हें पार्थिव शरीर की वतन वापसी व कानूनी प्रक्रियाओं में हर संभव सहायता प्रदान कर रहे हैं। परिजनों ने भी न्याय की गुहार लगाते हुए आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग की है।

विदेशों में रहने वाले भारतीय समुदाय के बीच इस घटना से गहरा सदमा और चिंता का माहौल देखा गया। विशेष रूप से कनाडा में रह रहे भारतीय मूल के युवाओं और उनके परिवारों में सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हुए हैं। इस मामले ने एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर घरेलू हिंसा के गंभीर खतरों और प्रवासी नागरिकों की सुरक्षा संबंधी विषयों को चर्चा के केंद्र में ला दिया है। कनाडाई पुलिस द्वारा सात महीने बाद की गई इस गिरफ्तारी से पीड़िता के परिवार को कानूनी न्याय मिलने की उम्मीद जगी है।

गिरफ्तारी के बाद टोरंटो पुलिस ने आरोपी अब्दुल गफूरी को न्यायिक हिरासत में ले लिया है। अब उसे स्थानीय अदालत के समक्ष पेश किया जाएगा, जहां पुलिस उसकी कस्टडी की मांग करेगी ताकि हत्या के पीछे के मुख्य कारणों और फरारी के दौरान उसकी गतिविधियों का पता लगाया जा सके। प्रथम श्रेणी हत्या का मामला होने के कारण कनाडाई कानून के तहत आरोपी पर गंभीर सुनवाई चलेगी, जिसमें दोषी पाए जाने पर कठोर दंड का प्रावधान है।

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