डीएमआरसी ने लॉन्च किया रुपे 'ऑन-द-गो' कार्ड; मेट्रो, बस और टोल पार्किंग का भुगतान होगा आसान

कार्ड की उपलब्धता और पहुंच को लेकर भी डीएमआरसी ने विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की है। आगामी 10 दिनों के भीतर यह कार्ड दिल्ली मेट्रो के सभी स्टेशनों के काउंटर पर बिक्री के लिए उपलब्ध हो जाएगा। यात्री अपनी सुविधा के अनुसार डेबिट कार्ड या प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट (PPI-MTS) के रूप में

May 10, 2026 - 23:09
 0  1
डीएमआरसी ने लॉन्च किया रुपे 'ऑन-द-गो' कार्ड; मेट्रो, बस और टोल पार्किंग का भुगतान होगा आसान
डीएमआरसी ने लॉन्च किया रुपे 'ऑन-द-गो' कार्ड; मेट्रो, बस और टोल पार्किंग का भुगतान होगा आसान
  • 'वन नेशन वन कार्ड' का सपना हुआ साकार: अब एक ही कार्ड से देश भर में करें यात्रा
  • यात्रियों की बढ़ी सुविधा: एयरटेल पेमेंट्स बैंक के सहयोग से दिल्ली मेट्रो ने पेश किया डिजिटल समाधान

दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने शहरी आवाजाही को और अधिक सुगम और एकीकृत बनाने की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम उठाया है। 10 मई, 2026 को दिल्ली मेट्रो के मुख्यालय में आयोजित एक भव्य समारोह के दौरान डीएमआरसी ने एयरटेल पेमेंट्स बैंक के साथ साझेदारी में सह-ब्रांडेड 'रुपे ऑन-द-गो' (RuPay On-The-Go) कार्ड लॉन्च किया है। यह कार्ड नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (NCMC) तकनीक से लैस है, जो 'वन नेशन वन कार्ड' के भारत सरकार के विजन को धरातल पर उतारने का एक सशक्त माध्यम है। इस नई व्यवस्था के तहत अब यात्रियों को अलग-अलग शहरों या अलग-अलग परिवहन माध्यमों के लिए भिन्न-भिन्न कार्ड या टोकन रखने की आवश्यकता नहीं होगी। यह कार्ड एक 'ओपन-लूप' सिस्टम पर आधारित है, जो इसे केवल दिल्ली तक सीमित न रखकर पूरे भारत के मेट्रो और बस नेटवर्कों के लिए उपयोगी बनाता है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना की शुरुआत दिल्ली मेट्रो के प्रबंध निदेशक डॉ. विकास कुमार और एयरटेल पेमेंट्स बैंक के एमडी एवं सीईओ अनुब्रत विश्वास की उपस्थिति में की गई। इस अवसर पर यह स्पष्ट किया गया कि यह नया रुपे कार्ड मौजूदा मेट्रो स्मार्ट कार्डों का एक उन्नत संस्करण है। वर्तमान में डीएमआरसी द्वारा जारी किए गए स्मार्ट कार्ड केवल दिल्ली मेट्रो नेटवर्क के भीतर ही काम करते हैं, लेकिन यह नया 'ऑन-द-गो' कार्ड यात्रियों को इंटरऑपरेबल भुगतान की सुविधा प्रदान करेगा। इसका अर्थ यह है कि दिल्ली मेट्रो का यात्री अब इसी एक कार्ड का उपयोग करके बेंगलुरु, मुंबई या चेन्नई जैसे शहरों की मेट्रो और बसों में भी बिना किसी बाधा के सफर कर सकेगा। यह तकनीक विशेष रूप से उन यात्रियों के लिए वरदान साबित होगी जो काम के सिलसिले में अक्सर अलग-अलग शहरों की यात्रा करते हैं।

क्या है नेशनल कॉमन मोबिलिटी कार्ड (NCMC) तकनीक?

NCMC एक इंटरऑपरेबल ट्रांसपोर्ट कार्ड है जिसे भारत के आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा विकसित किया गया है। यह कार्ड धारकों को मेट्रो, बस, उपनगरीय रेलवे, टोल, पार्किंग और यहां तक कि रिटेल खरीदारी के लिए भी भुगतान करने की सुविधा देता है। यह 'टैप-एंड-पे' तकनीक पर आधारित है, जो गेट्स पर लेनदेन के समय को काफी कम कर देती है और यात्रियों को लंबी कतारों से मुक्ति दिलाती है।

कार्ड की उपलब्धता और पहुंच को लेकर भी डीएमआरसी ने विस्तृत कार्ययोजना प्रस्तुत की है। आगामी 10 दिनों के भीतर यह कार्ड दिल्ली मेट्रो के सभी स्टेशनों के काउंटर पर बिक्री के लिए उपलब्ध हो जाएगा। यात्री अपनी सुविधा के अनुसार डेबिट कार्ड या प्रीपेड पेमेंट इंस्ट्रूमेंट (PPI-MTS) के रूप में इसे प्राप्त कर सकते हैं। इसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इसे रिचार्ज करना बेहद आसान है। यात्री डीएमआरसी के आधिकारिक ऐप या एयरटेल थैंक्स ऐप के माध्यम से कभी भी और कहीं भी डिजिटल रूप से टॉप-अप कर सकते हैं। इससे स्टेशनों पर रिचार्ज मशीनों या काउंटरों के बाहर लगने वाली भीड़ में कमी आएगी और यात्रियों का बहुमूल्य समय बचेगा। तकनीकी रूप से यह कार्ड बेहद सुरक्षित और आधुनिक है। यह 'ऑफलाइन ट्रांजेक्शन' मोड का भी समर्थन करता है, जिससे एएफसी (ऑटोमैटिक फेयर कलेक्शन) गेट्स पर भुगतान की प्रक्रिया बिजली की गति से पूरी होती है। यदि मेट्रो स्टेशन पर इंटरनेट या नेटवर्क की कोई अस्थाई समस्या होती है, तब भी कार्ड पर मौजूद चिप में संचित 'स्टोर्ड वैल्यू' के माध्यम से गेट खुल जाएंगे। डॉ. विकास कुमार के अनुसार, डीएमआरसी हमेशा से ही यात्री सुविधा के लिए नवाचारों को अपनाने में अग्रणी रहा है और एयरटेल पेमेंट्स बैंक के साथ यह विशेष साझेदारी इसी दिशा में एक और मील का पत्थर है। यह डिजिटल सशक्तिकरण के उस बड़े अभियान का हिस्सा है, जिसके तहत सार्वजनिक परिवहन को कैशलेस और संपर्क रहित (contactless) बनाया जा रहा है।

पुराने कार्डों के भविष्य को लेकर उठ रहे सवालों पर भी डीएमआरसी ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। विभाग के अनुसार, यात्रियों के पास वर्तमान में जो स्मार्ट कार्ड मौजूद हैं, वे पहले की तरह ही सामान्य रूप से काम करते रहेंगे। उन्हें बदलने की कोई तत्काल अनिवार्यता नहीं है। हालांकि, भविष्य में डीएमआरसी एनसीएमसी आधारित कार्डों को ही बढ़ावा देगा ताकि धीरे-धीरे पूरे नेटवर्क को एक समान भुगतान प्रणाली पर लाया जा सके। एयरटेल पेमेंट्स बैंक के अनुब्रत विश्वास ने इस अवसर पर कहा कि उनकी बैंक का लक्ष्य सुरक्षित और डिजिटल-फर्स्ट समाधानों के माध्यम से शहरी गतिशीलता को आधुनिक बनाना है, और यह साझेदारी करोड़ों यात्रियों के अनुभव को पूरी तरह बदल देगी। सार्वजनिक परिवहन के अलावा इस कार्ड की उपयोगिता टोल प्लाजा और पार्किंग स्थलों पर भी देखने को मिलेगी। वर्तमान में कई शहरों के पार्किंग स्थल एनसीएमसी सक्षम हो चुके हैं, जहां इस कार्ड से सीधे भुगतान किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त, इस कार्ड का उपयोग खुदरा दुकानों पर खरीदारी के लिए भी किया जा सकता है, जो इसे एक पूर्ण वित्तीय उपकरण बनाता है। इस कदम से भारत के डिजिटल भुगतान पारिस्थितिकी तंत्र को भी मजबूती मिलेगी, क्योंकि यह लोगों को नकद के बजाय डिजिटल माध्यमों को अपनाने के लिए प्रेरित करता है। परिवहन और बैंकिंग का यह समन्वय एक एकीकृत यात्री अनुभव (Seamless Commuter Experience) निर्मित करने की दिशा में बड़ा कदम है।

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow