Political Controversy - पीएम मोदी के दिवंगत पिता पर टिप्पणी को लेकर विवादों में घिरे खरगे, अमित शाह समेत भाजपा नेताओं ने बोला तीखा हमला
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत पिता को लेकर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे की कथित टिप्पणी पर सियासी संग्राम छिड़ गया है। अमित शाह समेत भाजपा नेताओं ने कड़ा प्रहार किया।

- BJP Attacks Kharge - कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर सियासी बवाल, गृह मंत्री अमित शाह ने बताया राजनीति का निम्नतम स्तर
- Respect In Public Discourse - 'हताशा में मर्यादा भूल रही कांग्रेस', पीएम मोदी के परिवार पर टिप्पणी को लेकर भाजपा का देशव्यापी विरोध
- War Of Words BJP Congress - चुनावी सरगर्मियों के बीच निजी हमलों पर गरमाई राजनीति, भाजपा ने कांग्रेस नेतृत्व से मांगी बिना शर्त माफी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दिवंगत पिता के संदर्भ में कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे द्वारा दिए गए एक विवादित बयान को लेकर देश का राजनीतिक पारा चढ़ गया है। चुनावी सभाओं और सार्वजनिक बयानों के बीच उभरे इस मुद्दे पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने कांग्रेस नेतृत्व के खिलाफ चौतरफा हमला बोल दिया है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, केंद्रीय मंत्रियों और भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने खरगे के बयान को अवांछित, अमर्यादित और राजनीतिक विमर्श के न्यूनतम स्तर तक गिरने वाला कृत्य करार दिया है।
- 'हताशा में निजी हमलों पर उतरी कांग्रेस': अमित शाह
कांग्रेस अध्यक्ष की टिप्पणी पर कड़ा ऐतराज जताते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि चुनावी मैदान में जनता द्वारा बार-बार खारिज किए जाने के बाद कांग्रेस के शीर्ष नेता अपना आपा और राजनीतिक शालीनता खो चुके हैं। उन्होंने कहा कि जो व्यक्ति लंबे समय से इस दुनिया में नहीं हैं और जिनका राजनीति से कभी कोई लेना-देना नहीं रहा, उन्हें राजनीतिक विवाद में घसीटना कांग्रेस की संकीर्ण मानसिकता को दर्शाता है। गृह मंत्री ने कहा कि देश की जनता इस प्रकार के व्यक्तिगत और अशोभनीय हमलों को कभी स्वीकार नहीं करेगी और लोकतांत्रिक तरीके से इसका माकूल जवाब देगी।
- सार्वजनिक संवाद की मर्यादा पर उठा सवाल
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ताओं और विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने भी इस बयान की एक स्वर में निंदा की है। पार्टी नेताओं का कहना है कि मुद्दों और नीतियों के आधार पर विरोध करना लोकतंत्र का हिस्सा है, लेकिन विरोधियों के दिवंगत माता-पिता या परिवारजनों पर अमर्यादित टिप्पणी करना भारतीय राजनीतिक परंपराओं और संस्कारों के विपरीत है। भाजपा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के पास विकास, राष्ट्रीय सुरक्षा और जनहित के मुद्दों पर कहने के लिए कुछ नहीं बचा है, इसलिए वह ध्यान भटकाने के लिए स्तरहीन जुमलेबाजी का सहारा ले रही है।
- कांग्रेस से बिना शर्त सार्वजनिक माफी की मांग
विवाद बढ़ने के बाद भाजपा नेताओं ने कांग्रेस आलाकमान से इस बयान पर स्थिति स्पष्ट करने और देश व प्रधानमंत्री से बिना शर्त माफी मांगने की मांग की है। वहीं, राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि जैसे-जैसे आगामी चुनावों की सरगर्मी तेज हो रही है, व्यक्तिगत और तीखे हमलों का यह दौर चुनावी विमर्श को और अधिक ध्रुवीकृत तथा आक्रामक बना सकता है।
What's Your Reaction?









