ईंधन की नई दरें जारी: जानिए 07 जून 2026 को आपके शहर में क्या हैं पेट्रोल-डीजल के भाव, देखें पूरी लिस्ट!
देश की राजधानी दिल्ली में आज पेट्रोल का भाव 102.12 रुपये प्रति लीटर और डीजल का भाव 95.20 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर बना हुआ है। पिछले कुछ दिनों से दिल्ली में तेल के दामों में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखा गया है, जिससे यहाँ के वाहन चालकों को थोड़ी राहत मिली है। वहीं दूसरी
भारतीय ऊर्जा बाजार और आम आदमी की जेब का बहुत पुराना और गहरा रिश्ता है। जब भी सुबह की शुरुआत होती है, तो वाहन चालकों और व्यापारियों के मन में सबसे पहला सवाल यही आता है कि "आज पेट्रोल और डीजल का भाव क्या है?" आज यानी 07 जून 2026 को भी देश की प्रमुख तेल कंपनियों (Indian Oil, Bharat Petroleum, HPCL) ने सुबह 6 बजे देश के विभिन्न राज्यों और शहरों के लिए पेट्रोल और डीजल की नई दरें अपडेट कर दी हैं।
कच्चे तेल (Crude Oil) की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में लगातार होने वाले उतार-चढ़ाव और डॉलर के मुकाबले रुपये की स्थिति का सीधा असर हमारे देश में ईंधन की कीमतों पर पड़ता है। भारत अपनी तेल जरूरतों का लगभग 80 प्रतिशत से अधिक हिस्सा आयात करता है, यही वजह है कि वैश्विक स्तर पर होने वाली कोई भी भू-राजनीतिक हलचल या तेल उत्पादक देशों (OPEC+) के फैसले सीधे हमारे देश के खुदरा बाजार को प्रभावित करते हैं। इसके अतिरिक्त, केंद्र सरकार द्वारा लगाया जाने वाला उत्पाद शुल्क (Excise Duty) और विभिन्न राज्य सरकारों द्वारा वसूला जाने वाला मूल्य वर्धित कर (VAT) मिलकर पेट्रोल-डीजल के अंतिम खुदरा मूल्य (Retail Price) को तय करते हैं। यही कारण है कि देश के अलग-अलग राज्यों और यहाँ तक कि एक ही राज्य के विभिन्न जिलों में भी तेल की कीमतों में बड़ा अंतर देखने को मिलता है।
नीचे दी गई तालिका में भारत के विभिन्न महानगरों, उत्तर प्रदेश के प्रमुख शहरों तथा विभिन्न राज्यों के प्रमुख केंद्रों के पेट्रोल और डीजल के सटीक भाव प्रस्तुत किए गए हैं। यह डेटा पूरी तरह से गुडरिटर्न्स के विश्वसनीय स्रोतों पर आधारित है:
| क्रम संख्या | शहर / राज्य का नाम | पेट्रोल का भाव (₹ प्रति लीटर) | डीजल का भाव (₹ प्रति लीटर) |
| 1 | दिल्ली (New Delhi) | 102.12 | 95.20 |
| 2 | नोएडा (Noida / Gautam Budh Nagar) | 102.30 | 95.75 |
| 3 | लखनऊ (Lucknow) | 101.82 | 95.32 |
| 4 | कानपुर (Kanpur Urban) | 101.93 | 94.42 |
| 5 | बरेली (Bareilly) | 101.93 | 95.42 |
| 6 | शाहजहांपुर (Shahjahanpur) | 101.82 | 95.32 |
| 7 | बाराबंकी (Barabanki) | 102.11 | 95.60 |
| 8 | मुरादाबाद (Moradabad) | 102.42 | 95.65 |
| 9 | आगरा (Agra) | 101.66 | 95.12 |
| 10 | हरदोई (Hardoi) | 102.17 | 101.91 (CNG/अदर) / 95.50 (औसत) |
| 11 | कोलकाता (Kolkata / West Bengal) | 113.51 | 99.82 |
| 12 | पुणे (Pune) | 111.43 | 98.09 |
| 13 | मुंबई (Mumbai / Maharashtra) | 111.21 | 97.83 |
| 14 | असम (Guwahati / Assam) | 105.79 | 97.29 |
| 15 | चेन्नई (Chennai / Tamil Nadu) | 107.84 | 99.57 |
| 16 | मध्य प्रदेश (Bhopal / MP) | 114.57 | 99.64 |
| 17 | राजस्थान (Jaipur / Rajasthan) | 112.76 | 97.78 |
प्रमुख शहरों और राज्यों का विस्तृत विश्लेषण
1. राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र: दिल्ली और नोएडा
देश की राजधानी दिल्ली में आज पेट्रोल का भाव 102.12 रुपये प्रति लीटर और डीजल का भाव 95.20 रुपये प्रति लीटर पर स्थिर बना हुआ है। पिछले कुछ दिनों से दिल्ली में तेल के दामों में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखा गया है, जिससे यहाँ के वाहन चालकों को थोड़ी राहत मिली है। वहीं दूसरी ओर, दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश के शहर नोएडा (गौतम बुद्ध नगर) में ईंधन की कीमतों में मामूली अंतर देखने को मिलता है। नोएडा में आज पेट्रोल 102.30 रुपये प्रति लीटर और डीजल 95.75 रुपये प्रति लीटर की दर से बिक रहा है। दिल्ली और नोएडा की कीमतों में यह अंतर मुख्य रूप से दोनों राज्यों (दिल्ली और उत्तर प्रदेश) के वैट (VAT) ढांचे में भिन्नता के कारण है।
2. उत्तर प्रदेश के शहर: लखनऊ, कानपुर, बरेली और शाहजहांपुर
उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आज सुबह पेट्रोल के दामों में आंशिक गिरावट देखी गई और यह 101.82 रुपये प्रति लीटर पर आ गया है, जबकि यहाँ डीजल का भाव 95.32 रुपये प्रति लीटर है। औद्योगिक नगरी कानपुर की बात करें, तो यहाँ शहरी इलाके में पेट्रोल 101.93 रुपये प्रति लीटर है और डीजल का भाव 94.42 रुपये प्रति लीटर दर्ज किया गया है।
इसके अलावा, बरेली में आज पेट्रोल 101.93 रुपये प्रति लीटर और डीजल 95.42 रुपये प्रति लीटर की दर पर उपलब्ध है। शाहजहांपुर में कीमतें राजधानी लखनऊ के समान ही बनी हुई हैं, जहाँ पेट्रोल का भाव 101.82 रुपये प्रति लीटर और डीजल 95.32 रुपये प्रति लीटर है।
3. उत्तर प्रदेश के अन्य जिले: बाराबंकी, मुरादाबाद, आगरा और हरदोई
नवाबों के शहर के पास स्थित बाराबंकी में आज पेट्रोल का खुदरा मूल्य 102.11 रुपये प्रति लीटर और डीजल का भाव 95.60 रुपये प्रति लीटर है। पीतल नगरी के नाम से मशहूर मुरादाबाद में पेट्रोल का भाव 102.42 रुपये प्रति लीटर और डीजल का भाव 95.65 रुपये प्रति लीटर चल रहा है। ताजनगरी आगरा की बात करें, तो यहाँ उत्तर प्रदेश के कई अन्य शहरों की तुलना में ईंधन थोड़ा सस्ता है; आज आगरा में पेट्रोल 101.66 रुपये प्रति लीटर और डीजल 95.12 रुपये प्रति लीटर पर बिक रहा है। वहीं हरदोई में आज पेट्रोल की कीमत 102.17 रुपये प्रति लीटर है, जबकि डीजल का भाव औसतन 95.50 रुपये प्रति लीटर के आसपास बना हुआ है।
4. देश के अन्य महानगर: मुंबई, कोलकाता और चेन्नई
भारत की आर्थिक राजधानी मुंबई में ईंधन की कीमतें हमेशा से ही देश के ऊंचे स्तरों में शुमार रहती हैं, जिसका कारण महाराष्ट्र सरकार द्वारा लगाया जाने वाला भारी टैक्स है। मुंबई में आज पेट्रोल का भाव 111.21 रुपये प्रति लीटर और डीजल का भाव 97.83 रुपये प्रति लीटर है। पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में भी कीमतें काफी ऊंची हैं; यहाँ आज पेट्रोल 113.51 रुपये प्रति लीटर और डीजल 99.82 रुपये प्रति लीटर की दर से जनता को मिल रहा है। दक्षिण भारत के बड़े महानगर और तमिलनाडु की राजधानी चेन्नई में आज पेट्रोल का भाव 107.84 रुपये प्रति लीटर है और डीजल का भाव 99.57 रुपये प्रति लीटर पर बना हुआ है।
5. पुणे, असम, मध्य प्रदेश और राजस्थान की स्थिति
महाराष्ट्र के दूसरे सबसे बड़े शहर पुणे में आज पेट्रोल की कीमत 111.43 रुपये प्रति लीटर और डीजल की कीमत 98.09 रुपये प्रति लीटर है, जो मुंबई के लगभग आसपास ही है। पूर्वोत्तर के प्रमुख राज्य असम के गुवाहाटी शहर में आज पेट्रोल 105.79 रुपये प्रति लीटर और डीजल 97.29 रुपये प्रति लीटर की दर पर स्थिर है।
मध्य प्रदेश के भोपाल की बात करें, तो यहाँ राज्य स्तरीय करों के चलते कीमतें काफी अधिक हैं; भोपाल में आज पेट्रोल 114.57 रुपये प्रति लीटर और डीजल 99.64 रुपये प्रति लीटर पर ट्रेंड कर रहा है। वहीं, राजस्थान की राजधानी जयपुर में आज पेट्रोल का भाव 112.76 रुपये प्रति लीटर है और डीजल 97.78 रुपये प्रति लीटर की दर से बिक रहा है।
भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतें रोजाना सुबह 6 बजे बदलती हैं। इस व्यवस्था को 'डायनेमिक फ्यूल प्राइसिंग' (Dynamic Fuel Pricing) कहा जाता है, जिसे जून 2017 में लागू किया गया था। इससे पहले हर 15 दिनों में कीमतों की समीक्षा की जाती थी। ईंधन की दरों को निर्धारित करने में निम्नलिखित कारक सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं:
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कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमत (Crude Oil Prices): भारत अपनी कच्चे तेल की जरूरतों का एक बहुत बड़ा हिस्सा अंतरराष्ट्रीय बाजार से खरीदता है। इसलिए, जब ब्रेंट क्रूड (Brent Crude) या डब्ल्यूटीआई क्रूड (WTI Crude) के दाम वैश्विक बाजार में बढ़ते या घटते हैं, तो घरेलू बाजार में भी तेल की कीमतें सीधे प्रभावित होती हैं।
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अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपये की दर (USD to INR Exchange Rate): चूंकि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कच्चे तेल का व्यापार अमेरिकी डॉलर में होता है, इसलिए डॉलर के मुकाबले भारतीय रुपये की मजबूती या कमजोरी तेल के आयात बिल को प्रभावित करती है। यदि रुपया कमजोर होता है, तो तेल कंपनियों को आयात के लिए अधिक भुगतान करना पड़ता है, जिससे देश में पेट्रोल-डीजल महंगे हो जाते हैं।
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कमीशन और रिफाइनरी खर्च (Dealer Commission & Refinery Charges): तेल कंपनियां कच्चे तेल को आयात करने के बाद उसे देश की विभिन्न रिफाइनरियों में साफ (Process) करती हैं। इसके बाद इसमें डीलर का कमीशन जोड़ा जाता है, जो पेट्रोल पंप मालिकों को उनके खर्च और मुनाफे के रूप में दिया जाता है।
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केंद्रीय उत्पाद शुल्क और राज्यों का वैट (Excise Duty and VAT): ईंधन की कीमतों का एक बड़ा हिस्सा करों (Taxes) के रूप में सरकार के पास जाता है। केंद्र सरकार पूरे देश में एक समान उत्पाद शुल्क (Excise Duty) लगाती है, लेकिन राज्य सरकारें अपनी वित्तीय आवश्यकताओं के अनुसार अलग-अलग प्रतिशत में वैट (VAT) या बिक्री कर वसूलती हैं। यही कारण है कि मध्य प्रदेश और राजस्थान जैसे राज्यों में पेट्रोल 112 से 114 रुपये लीटर तक पहुँच जाता है, जबकि दिल्ली में यह 102 रुपये के आसपास रहता है।
ईंधन की कीमतों में होने वाला कोई भी बदलाव सीधे तौर पर देश की अर्थव्यवस्था और आम आदमी के बजट को प्रभावित करता है। जब पेट्रोल और डीजल के दाम बढ़ते हैं, तो केवल व्यक्तिगत वाहन चलाना ही महंगा नहीं होता, बल्कि माल ढुलाई (Transportation Cost) महंगी होने के कारण फल, सब्जियां, अनाज और रोजमर्रा के उपयोग की अन्य आवश्यक वस्तुएं भी महंगी हो जाती हैं। डीजल के दाम बढ़ने से कृषि क्षेत्र पर भी गहरा असर पड़ता है क्योंकि किसानों को सिंचाई और ट्रैक्टर संचालन के लिए डीजल की आवश्यकता होती है।
आज 07 जून 2026 को गुडरिटर्न्स के आंकड़ों के अनुसार, देश के अधिकांश हिस्सों में कीमतें पिछले दिनों के मुकाबले स्थिर या बेहद मामूली उतार-चढ़ाव के साथ बनी हुई हैं। तेल बाजारों के जानकारों का मानना है कि आने वाले समय में यदि वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की आपूर्ति सुचारू रहती है और डॉलर के मुकाबले रुपया स्थिर रहता है, तो उपभोक्ताओं को कीमतों में बड़ी बढ़ोतरी से राहत मिलती रहेगी।
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