उत्तर भारत में घने कोहरे का कहर- ट्रेनें घंटों लेट, फ्लाइट्स डायवर्ट, 1000 किमी दूर लैंड हुआ प्लेन।
उत्तर भारत में छाए घने कोहरे ने रेल और हवाई यातायात को बुरी तरह प्रभावित किया है। दिल्ली-एनसीआर सहित कई राज्यों में विजिबिलिटी

उत्तर भारत में छाए घने कोहरे ने रेल और हवाई यातायात को बुरी तरह प्रभावित किया है। दिल्ली-एनसीआर सहित कई राज्यों में विजिबिलिटी 50 मीटर से भी कम रह गई है, जिससे ट्रेनों की रफ्तार थम गई और फ्लाइट ऑपरेशंस में बड़े बदलाव हुए। 28 और 29 दिसंबर 2025 को यह स्थिति सबसे ज्यादा गंभीर रही, जहां सुबह के समय घना से बहुत घना कोहरा दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने दिल्ली के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया, जिसमें घने कोहरे और कम विजिबिलिटी की चेतावनी दी गई। इस कारण ट्रेनें और फ्लाइट्स दोनों में देरी, रद्दीकरण और डायवर्शन की स्थिति बनी रही।
रेलवे सेवाओं पर कोहरे का सीधा असर पड़ा है। घने कोहरे के कारण ट्रेनों की गति कम कर दी गई है, ताकि सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। इससे दर्जनों ट्रेनें अपने निर्धारित समय से कई घंटे लेट चल रही हैं। कुछ ट्रेनों को डायवर्ट भी किया गया है। प्रमुख ट्रेनों में प्रयागराज एक्सप्रेस लगभग 5 घंटे, रीवा-आनंद विहार एक्सप्रेस करीब 9 घंटे, नई दिल्ली तेजस राजधानी एक्सप्रेस 4 घंटे और ब्रह्मपुत्र मेल 45 मिनट की देरी से प्रभावित हुई। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, उत्तर भारत में 50 से अधिक ट्रेनें देरी से चल रही हैं, जबकि कुछ को रेगुलेट किया गया है। राजधानी, तेजस और दुरंतो जैसी हाई-स्पीड ट्रेनें भी इस प्रभाव से अछूती नहीं रहीं। यात्रियों को स्टेशनों पर लंबा इंतजार करना पड़ रहा है। हवाई यातायात पर भी कोहरे का गहरा असर पड़ा है। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट दिल्ली में विजिबिलिटी 50 मीटर तक गिर गई, जिससे उड़ानें CAT III प्रक्रिया के तहत संचालित हो रही हैं। CAT III सिस्टम कम विजिबिलिटी में लैंडिंग की अनुमति देता है, लेकिन फिर भी देरी और रद्दीकरण हो रहे हैं। कई फ्लाइट्स को डायवर्ट किया गया, क्योंकि दिल्ली या वैकल्पिक एयरपोर्ट पर लैंडिंग संभव नहीं हो पाई। एक प्रमुख घटना में एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट, जो गोवा के मोपा एयरपोर्ट से रात 11:55 बजे उड़ी थी और दिल्ली के IGI एयरपोर्ट टर्मिनल 1 पर सुबह 2:35 बजे लैंड करने वाली थी, को घने कोहरे के कारण पहले दिल्ली में लैंड नहीं किया जा सका। जयपुर एयरपोर्ट पर भीड़ और कोहरे के कारण वहां भी लैंडिंग नहीं हो पाई, जिसके बाद फ्लाइट को लगभग 1000 किमी दूर अहमदाबाद में सुरक्षित लैंड कराया गया। इस डायवर्शन से यात्रियों को अतिरिक्त असुविधा हुई और अहमदाबाद एयरपोर्ट पर भीड़ बढ़ गई।
दिल्ली एयरपोर्ट ने सूचना जारी की कि घने कोहरे के कारण उड़ानें CAT III श्रेणी में चल रही हैं, जिससे देरी, डायवर्शन और रद्दीकरण की संभावना है। इंडिगो एयरलाइंस ने एडवाइजरी जारी की, जिसमें कहा गया कि दिल्ली और हिंडन एयरपोर्ट पर कड़ाके की ठंड और घना कोहरा छाया है। विजिबिलिटी में उतार-चढ़ाव के कारण फ्लाइट शेड्यूल में बदलाव हो रहा है और परिचालन धीमा हो सकता है। एयरलाइंस ने यात्रियों से फ्लाइट स्टेटस चेक करने और एयरपोर्ट जाने से पहले अपडेट लेने की सलाह दी। स्पाइसजेट और एयर इंडिया ने भी उत्तर भारत के कई शहरों जैसे दिल्ली, अमृतसर, जम्मू, अयोध्या, गोरखपुर, वाराणसी, दरभंगा, पटना, गुवाहाटी और बागडोगरा में खराब विजिबिलिटी के कारण प्रभावित होने की चेतावनी दी। इन शहरों में उड़ानें प्रभावित हो सकती हैं। उत्तर भारत के अन्य हिस्सों में भी स्थिति समान है। पंजाब, हरियाणा, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और बिहार जैसे राज्यों में घना कोहरा छाया रहा, जिससे सड़क यातायात भी प्रभावित हुआ। वाहन धीमी गति से चल रहे हैं और दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है। मौसम विभाग के अनुसार, कोहरा 29 दिसंबर को भी जारी रहा और सुबह के समय बहुत घना रहा। न्यूनतम तापमान सामान्य से ऊपर होने के बावजूद ठंड का अहसास ज्यादा है। प्रदूषण के साथ मिलकर कोहरा और घना हो गया है, जिससे विजिबिलिटी और कम हो रही है। एयरलाइंस ने यात्रियों को सलाह दी है कि वे फ्लाइट स्टेटस नियमित रूप से चेक करें और जरूरी सामान साथ रखें। रेलवे ने भी यात्रियों से धैर्य रखने और स्टेटस अपडेट लेने को कहा है। दिल्ली एयरपोर्ट पर ग्राउंड टीम्स यात्रियों की मदद कर रही हैं। कोहरे की स्थिति के कारण कई फ्लाइट्स को रद्द भी किया गया है, जबकि कुछ को वैकल्पिक रूट्स पर भेजा गया। यह मौसम उत्तर भारत में सर्दियों का सामान्य हिस्सा है, लेकिन इस बार कोहरे का प्रकोप ज्यादा रहा है।
What's Your Reaction?



