भीषण गर्मी में 24 घंटे फ्रिज चलाने वाले हो जाएं सावधान, लापरवाही बरतने पर हो सकता है बड़ा और जानलेवा हादसा

भीषण गर्मी के इस दौर में तापमान लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह से बेहाल हो गया है। इस चिलचिलाती

Jun 12, 2026 - 10:56
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भीषण गर्मी में 24 घंटे फ्रिज चलाने वाले हो जाएं सावधान, लापरवाही बरतने पर हो सकता है बड़ा और जानलेवा हादसा
भीषण गर्मी में 24 घंटे फ्रिज चलाने वाले हो जाएं सावधान, लापरवाही बरतने पर हो सकता है बड़ा और जानलेवा हादसा
  • लगातार कंप्रेसर पर दबाव बढ़ने से फ्रिज बन सकता है बम, बिजली बिल में बेतहाशा बढ़ोतरी के साथ ही मशीन के फटने का भी बड़ा खतरा
  • गर्मियों के मौसम में रेफ्रिजरेटर को सुरक्षित और कूल रखने के आसान घरेलू उपाय, इन जरूरी सावधानियों से बचेगी जान और पैसा

भीषण गर्मी के इस दौर में तापमान लगातार नए रिकॉर्ड बना रहा है, जिससे आम जनजीवन पूरी तरह से बेहाल हो गया है। इस चिलचिलाती धूप और चोक कर देने वाली गर्मी से बचने और खाने-पीने की चीजों को खराब होने से बचाने के लिए हर घर में रेफ्रिजरेटर यानी फ्रिज का इस्तेमाल अनिवार्य हो गया है। बहुत से घरों में लोग बिना सोचे-समझे अपने फ्रिज को लगातार चौबीस घंटे ऑन रखते हैं, ताकि पानी हमेशा ठंडा रहे और सब्जियां ताजी बनी रहें। लेकिन क्या आप जानते हैं कि लगातार और बिना रुके फ्रिज को चलाते रहना आपके लिए कितना बड़ा खतरा साबित हो सकता है। गर्मियों में लगातार चलते रहने के कारण फ्रिज की अंदरूनी मशीनरी पर अत्यधिक दबाव पड़ता है, जिससे न केवल उसकी कार्यक्षमता प्रभावित होती है बल्कि वह गंभीर हादसों का कारण भी बन सकता है। इस मौसम में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के रखरखाव में थोड़ी सी भी ढिलाई बहुत भारी पड़ सकती है।

फ्रिज के लगातार चलते रहने का सबसे बुरा असर उसके सबसे महत्वपूर्ण हिस्से यानी कंप्रेसर पर पड़ता है। कंप्रेसर फ्रिज का दिल होता है, जो गैस को कंप्रेस करके पूरे सिस्टम में कूलिंग या शीतलता प्रदान करने का काम करता है। जब बाहर का तापमान पहले से ही चालीस डिग्री सेल्सियस से ऊपर चल रहा हो, तो फ्रिज के अंदर के तापमान को बनाए रखने के लिए कंप्रेसर को दोगुना काम करना पड़ता है। ऐसे में यदि उसे थोड़ा भी आराम न मिले, तो वह बुरी तरह से गर्म यानी ओवरहीट हो जाता है। कंप्रेसर के अत्यधिक गर्म होने से उसके भीतर शॉर्ट सर्किट होने या गैस पाइपलाइन में दबाव बढ़ने से ब्लास्ट होने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। लगातार चौबीस घंटे मशीन को ऑन रखने से कंप्रेसर का जीवनकाल तो घटता ही है, साथ ही वह किसी भी समय एक चलते-फिरते बम में तब्दील हो सकता है।

गर्मियों में अक्सर लोग फ्रिज के भीतर की खाली जगह को देखकर उसमें ठूस-ठूस कर सामान भर देते हैं। यह आदत फ्रिज की सेहत के लिए बेहद नुकसानदेह साबित होती है। रेफ्रिजरेटर के काम करने का मुख्य सिद्धांत यह है कि उसके भीतर ठंडी हवा का प्रवाह यानी एयर सर्कुलेशन लगातार और निर्बाध रूप से होता रहे। जब फ्रिज को उसकी क्षमता से अधिक सामान, बर्तनों और बोतलों से पूरी तरह से भर दिया जाता है, तो ठंडी हवा के घूमने का रास्ता बंद हो जाता है। हवा न घूमने के कारण अंदर की कूलिंग कम होने लगती है और कंप्रेसर बिना रुके लगातार चलता रहता है ताकि तापमान को कम किया जा सके। इस चक्र के कारण बिजली की खपत बहुत ज्यादा बढ़ जाती है और महीने का बिजली बिल देखकर आपके होश उड़ सकते हैं। इसके अलावा ज्यादा सामान रखने से खाना भी सही तरीके से ठंडा नहीं हो पाता। गर्मियों के मौसम में फ्रिज के भीतर लगे थर्मोस्टेट यानी तापमान नियंत्रक को हमेशा मीडियम या नंबर तीन और चार के बीच पर सेट रखना चाहिए। इसे अधिकतम पर रखने से कंप्रेसर को बिना रुके काम करना पड़ता है।

फ्रिज को घर के भीतर किस जगह पर रखा गया है, यह बात भी उसकी सुरक्षा और कूलिंग क्षमता को बहुत हद तक निर्धारित करती है। बहुत से घरों में जगह की कमी के कारण फ्रिज को सीधे दीवार से सटाकर या फिर रसोई घर में गैस चूल्हे के बिल्कुल पास रख दिया जाता है। फ्रिज जब चलता है, तो उसके पीछे लगे कंडेंसर कॉइल्स से भारी मात्रा में गर्म हवा बाहर निकलती है। यदि फ्रिज और दीवार के बीच कम से कम छह से आठ इंच की दूरी न हो, तो वह गर्म हवा वापस फ्रिज के भीतर ही जमा होने लगती है। चूल्हे के पास रखने से बाहरी गर्मी भी उस पर असर डालती है। इस वेंटिलेशन की कमी के कारण फ्रिज का पूरा सिस्टम गर्म होने लगता है और अचानक आग लगने या प्लास्टिक के हिस्सों के पिघलने का खतरा पैदा हो जाता है।

इसके अलावा, फ्रिज के दरवाजे को बार-बार खोलने और बंद करने की आदत भी गर्मियों में एक बड़ी मुसीबत बन जाती है। जब भी फ्रिज का दरवाजा खोला जाता है, बाहर की गर्म और उमस भरी हवा तुरंत अंदर प्रवेश कर जाती है और अंदर की ठंडी हवा बाहर निकल जाती है। इसके बाद फ्रिज को उस अंदरूनी तापमान को दोबारा हासिल करने के लिए फिर से कड़ी मशक्कत करनी पड़ती है। दरवाजे के रबर गैस्केट की समय-समय पर सफाई न करने से वह ढीला हो जाता है, जिससे बाहर की हवा लगातार अंदर लीक होती रहती है। यदि आपका फ्रिज पुराना है, तो उसके वायरिंग और प्लग की जांच जरूर करवा लें, क्योंकि ढीले कनेक्शन और वोल्टेज के उतार-चढ़ाव से कंप्रेसर सीधे तौर पर जल सकता है या उसमें ब्लास्ट हो सकता है।

इस मौसम में अपने रेफ्रिजरेटर को सुरक्षित रखने और बिजली के बिल को नियंत्रित करने के लिए कुछ बहुत ही आसान और व्यावहारिक नियमों को अपनाना चाहिए। सबसे पहले, चौबीस घंटे में कम से कम एक से दो घंटे के लिए फ्रिज को पावर सप्लाई से बंद कर देना चाहिए, खासकर सुबह या देर रात के समय जब मौसम थोड़ा ठंडा होता है। इससे कंप्रेसर को पूरी तरह से ठंडा होने का समय मिल जाता है और उसकी कार्यक्षमता बनी रहती है। कभी भी फ्रिज के भीतर गर्म खाना या उबलता हुआ दूध सीधे न रखें; पहले उसे कमरे के सामान्य तापमान पर पूरी तरह से ठंडा होने दें, उसके बाद ही फ्रिज के अंदर स्थान दें। फ्रिज के पीछे जमा होने वाली धूल को समय-समय पर साफ करते रहें ताकि हीट एक्सचेंज की प्रक्रिया सुचारू रूप से चलती रहे।

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