अब NCERT का ऑपरेशन सिंदूर मॉड्यूल तैयार, स्कूलों में पढ़ाई जाएगी भारतीय सेना की वीरगाथा

ऑपरेशन में राफेल जेट, ड्रोन, स्कैल्प क्रूज मिसाइल और हैमर प्रेसिजन-गाइडेड बम जैसे उन्नत हथियारों का इस्तेमाल हुआ। केवल 25 मिनट (रात 1:05 से 1:30 बजे तक) में 70 आतं

Jul 27, 2025 - 12:23
 0  13
अब NCERT का ऑपरेशन सिंदूर मॉड्यूल तैयार, स्कूलों में पढ़ाई जाएगी भारतीय सेना की वीरगाथा
अब NCERT का ऑपरेशन सिंदूर मॉड्यूल तैयार, स्कूलों में पढ़ाई जाएगी भारतीय सेना की वीरगाथा

राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) स्कूल पाठ्यक्रम में ऑपरेशन सिंदूर पर एक विशेष मॉड्यूल जोड़ने की तैयारी कर रहा है। यह मॉड्यूल कक्षा 3 से 12 तक के छात्रों के लिए तैयार किया जा रहा है और इसका उद्देश्य भारतीय सेना की वीरता और राष्ट्रीय सुरक्षा के बारे में जागरूकता बढ़ाना है। ऑपरेशन सिंदूर 7 मई 2025 को पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में शुरू किया गया था। मॉड्यूल का काम अंतिम चरण में है और इसे जल्द ही लागू करने की योजना है। यह पहल छात्रों में देशभक्ति और सैन्य उपलब्धियों के प्रति सम्मान जगाने का प्रयास है।

ऑपरेशन सिंदूर भारत की सबसे बड़ी सैन्य कार्रवाइयों में से एक है। 22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकवादियों ने हमला किया, जिसमें 26 लोग, जिनमें तीर्थयात्री और पर्यटक शामिल थे, मारे गए। इस हमले के जवाब में भारत ने 7 मई 2025 को ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया। इस कार्रवाई में भारतीय सेना, नौसेना और वायुसेना ने मिलकर पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (पीओजेके) में नौ आतंकी ठिकानों को नष्ट किया। इस ऑपरेशन में जैश-ए-मोहम्मद, लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिदीन जैसे आतंकी संगठनों को निशाना बनाया गया।

ऑपरेशन में राफेल जेट, ड्रोन, स्कैल्प क्रूज मिसाइल और हैमर प्रेसिजन-गाइडेड बम जैसे उन्नत हथियारों का इस्तेमाल हुआ। केवल 25 मिनट (रात 1:05 से 1:30 बजे तक) में 70 आतंकवादी मारे गए। भारतीय नौसेना ने अरब सागर में सतर्कता बढ़ाई, और सेना ने नियंत्रण रेखा पर सुरक्षा मजबूत की। ऑपरेशन का नाम "सिंदूर" उन महिलाओं को श्रद्धांजलि है, जो पहलगाम हमले में विधवा हुई थीं। यह कार्रवाई भारत की आतंकवाद के खिलाफ मजबूत नीति और सैन्य शक्ति का प्रतीक है।

  • मॉड्यूल का प्रारूप और सामग्री

NCERT इस मॉड्यूल को दो हिस्सों में तैयार कर रहा है:

कक्षा 3 से 8 के लिए: यह मॉड्यूल सरल भाषा में होगा, जिसमें ऑपरेशन सिंदूर की कहानी, भारतीय सेना की वीरता और देशभक्ति की भावना पर जोर होगा। यह 8 से 10 पेज का होगा और इसमें चित्र, कहानियां और गतिविधियां शामिल होंगी।

कक्षा 9 से 12 के लिए: यह मॉड्यूल अधिक विस्तृत होगा, जिसमें ऑपरेशन की पृष्ठभूमि, उद्देश्य, रणनीति और इसके प्रभावों की जानकारी होगी। यह इतिहास और राजनीतिक विज्ञान जैसे विषयों में जोड़ा जाएगा। इसमें सैन्य रणनीति, आतंकवाद के खिलाफ भारत की नीति और अंतरराष्ट्रीय प्रभावों पर चर्चा होगी।

मॉड्यूल में ऑपरेशन की प्रमुख बातें, जैसे सैन्य अधिकारियों विंग कमांडर व्योमिका सिंह और कर्नल सोफिया कुरैशी की भूमिका, शामिल होगी। यह छात्रों को भारत की सैन्य शक्ति और हाल की उपलब्धियों से परिचित कराएगा। मॉड्यूल में प्रोजेक्ट, क्विज और प्रेजेंटेशन के जरिए छात्रों की सोच को बढ़ावा देने की योजना है।

NCERT इस मॉड्यूल को पढ़ाने के लिए शिक्षकों को विशेष प्रशिक्षण देगा। ऑनलाइन वर्कशॉप और दिशानिर्देश जल्द जारी होंगे। शिक्षक इस मॉड्यूल को रोचक तरीके से पढ़ाने के लिए डीआईकेएसएचए जैसे डिजिटल मंचों का उपयोग करेंगे। इन मंचों पर वीडियो, इंटरैक्टिव सामग्री और क्विज उपलब्ध होंगे। इससे छात्र ऑपरेशन सिंदूर की रणनीतियों का विश्लेषण कर सकेंगे और उनकी आलोचनात्मक सोच बढ़ेगी।

इस मॉड्यूल का मुख्य उद्देश्य छात्रों को राष्ट्रीय सुरक्षा, देशभक्ति और सेना के साहस के बारे में जागरूक करना है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा, "ऑपरेशन सिंदूर को पाठ्यक्रम में शामिल करने से छात्रों में राष्ट्रीय गौरव और वीरता की भावना जागेगी।" यह मॉड्यूल भारत की सैन्य उपलब्धियों को सरल और प्रेरणादायक तरीके से पेश करेगा। यह छात्रों को वास्तविक घटनाओं से जोड़कर उनकी सोच को प्रोत्साहित करेगा।

मॉड्यूल का काम अंतिम चरण में है और इसे 2025-26 शैक्षणिक सत्र से लागू करने की योजना है। संसद के मानसून सत्र (जुलाई 2025) में ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा से पहले NCERT इसे जारी करने की तैयारी में है। शुरुआत में यह मॉड्यूल कक्षा 9 से 12 के लिए होगा, लेकिन बाद में इसे कक्षा 3 से 8 तक के लिए भी लागू किया जा सकता है। कुछ स्रोतों के अनुसार, मॉड्यूल को अगस्त 2025 तक अंतिम रूप दे दिया जाएगा।

उत्तराखंड ने मई 2025 में अपने मदरसों के पाठ्यक्रम में ऑपरेशन सिंदूर को शामिल किया था। यह कदम राष्ट्रीय सुरक्षा और सैन्य कार्रवाइयों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए उठाया गया था। NCERT का यह मॉड्यूल पूरे देश में एक समान पाठ्यक्रम लागू करने की दिशा में बड़ा कदम है।

यह मॉड्यूल छात्रों में देशभक्ति और सैन्य बलों के प्रति सम्मान बढ़ाएगा। यह उन्हें भारत की सुरक्षा चुनौतियों और आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई के बारे में समझाएगा। हालांकि, कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के विषयों को पाठ्यक्रम में जोड़ने से विवाद हो सकता है, खासकर भारत-पाकिस्तान संबंधों के संदर्भ में। NCERT ने स्पष्ट किया कि मॉड्यूल को तथ्यपरक और संतुलित रखा जाएगा, ताकि छात्रों को सही जानकारी मिले।

सोशल मीडिया पर इस कदम की खूब तारीफ हो रही है। एक यूजर ने लिखा, "यह गर्व की बात है कि हमारे बच्चे ऑपरेशन सिंदूर की वीरगाथा पढ़ेंगे।" एक अन्य ने कहा, "NCERT का यह कदम देश की नई पीढ़ी को सेना के बलिदान से जोड़ेगा।" कुछ लोगों ने इसे विधानसभा चुनाव से पहले सियासी कदम भी बताया।

NCERT का ऑपरेशन सिंदूर मॉड्यूल भारतीय शिक्षा में एक महत्वपूर्ण बदलाव है। यह मॉड्यूल छात्रों को भारत की सैन्य शक्ति और आतंकवाद के खिलाफ मजबूत रुख से परिचित कराएगा। सरल भाषा, डिजिटल संसाधनों और शिक्षक प्रशिक्षण के साथ यह मॉड्यूल छात्रों में देशभक्ति और जागरूकता बढ़ाएगा। यह कदम न केवल शैक्षिक है, बल्कि राष्ट्रीय गौरव को बढ़ाने वाला भी है।

Also Click : बिहार में बेकाबू अपराध, चिराग पासवान ने नीतीश सरकार पर साधा निशाना, कहा- शर्मिंदगी महसूस होती है

What's Your Reaction?

like

dislike

love

funny

angry

sad

wow