भारत-दक्षिण अफ्रीका वनडे सीरीज: हार्दिक पांड्या और जसप्रीत बुमराह को आराम, टी20 वर्ल्ड कप पर फोकस।
भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का आगाज 30 नवंबर से होने वाला है। लेकिन इस सीरीज में अगले साल जून में होने वाले टी20 वर्ल्ड
भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच तीन मैचों की वनडे सीरीज का आगाज 30 नवंबर से होने वाला है। लेकिन इस सीरीज में अगले साल जून में होने वाले टी20 वर्ल्ड कप की तैयारी को ध्यान में रखते हुए भारतीय टीम प्रबंधन ने कुछ बड़े फैसले लिए हैं। ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या और तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह को प्लेइंग इलेवन से बाहर रखा जा सकता है। पांड्या अभी क्वाड्रिसेप्स की चोट से उबर रहे हैं, जबकि बुमराह के वर्कलोड मैनेजमेंट के लिए उन्हें वनडे सीरीज से आराम दिया जाएगा। यह सीरीज टी20 वर्ल्ड कप के लिए ज्यादा महत्वपूर्ण नहीं मानी जा रही, इसलिए टीम नए चेहरों को मौका देगी। बीसीसीआई ने अभी स्क्वॉड की आधिकारिक घोषणा नहीं की, लेकिन मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार ये बदलाव तय हैं।
भारत में दक्षिण अफ्रीका का दौरा बहु-प्रारूप सीरीज के रूप में हो रहा है। पहले दो टेस्ट मैच 14 और 22 नवंबर को कोलकाता और गुवाहाटी में खेले जा चुके हैं। इसके बाद वनडे सीरीज शुरू होगी। पहला वनडे 30 नवंबर को जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में, दूसरा 3 दिसंबर को रायपुर के नया रायपुर इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में और तीसरा 6 दिसंबर को विशाखापट्टनम के एसीए-वीडीसीए स्टेडियम में होगा। सभी मैच दोपहर दो बजे से शुरू होंगे। इसके बाद पांच मैचों की टी20 सीरीज 9 दिसंबर से विभिन्न स्थानों पर खेली जाएगी। यह सीरीज भारत के घरेलू मौसम का हिस्सा है, जहां दक्षिण अफ्रीका को चुनौतीपूर्ण पिचों का सामना करना पड़ेगा।
टीम इंडिया के लिए यह सीरीज कई मायनों में महत्वपूर्ण है। वनडे चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के बाद पहली बड़ी द्विपक्षीय सीरीज है। लेकिन टी20 वर्ल्ड कप 2026, जो भारत और श्रीलंका में होगा, को प्राथमिकता दी जा रही है। इसलिए प्रबंधन ने वर्कलोड मैनेजमेंट पर जोर दिया है। हार्दिक पांड्या ने सितंबर में दुबई में एशिया कप टी20 के सेमीफाइनल में श्रीलंका के खिलाफ क्वाड्रिसेप्स की चोट झेली थी। वे फाइनल में पाकिस्तान के खिलाफ नहीं खेले। चोट के बाद वे नेशनल क्रिकेट अकादमी में रिहैबिलिटेशन कर रहे हैं। बीसीसीआई के एक अधिकारी ने कहा कि हार्दिक को पहले सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में बारोड़ा के लिए खेलकर फिटनेस साबित करनी होगी। फिर वे दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड के खिलाफ टी20 सीरीज में लौटेंगे। वनडे में सीधे उतारना जोखिम भरा होगा, क्योंकि 50 ओवर का फॉर्मेट लंबा है। हार्दिक की गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों में वापसी जरूरी है, लेकिन टी20 वर्ल्ड कप तक फोकस टी20 पर रहेगा।
जसप्रीत बुमराह का मामला वर्कलोड मैनेजमेंट का है। वे भारत के प्रमुख तेज गेंदबाज हैं और लगातार क्रिकेट खेल रहे हैं। ऑस्ट्रेलिया में हाल की वनडे सीरीज में भी वे नहीं खेले थे। पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, बुमराह को वनडे सीरीज से आराम दिया जाएगा ताकि वे टी20 फॉर्मेट के लिए तरोताजा रहें। बुमराह की गेंदबाजी में विविधता है- यॉर्कर, बाउंसर और स्विंग। लेकिन ज्यादा मैचों से चोट का खतरा रहता है। टीम प्रबंधन चाहता है कि वे टी20 वर्ल्ड कप में पूरी ताकत से खेलें। बुमराह टेस्ट सीरीज में खेल चुके हैं, जहां उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया। वनडे सीरीज के बाद वे टी20 सीरीज में वापसी करेंगे।
इस सीरीज में रोहित शर्मा और विराट कोहली की वापसी हो रही है। वे ऑस्ट्रेलिया में शानदार फॉर्म दिखा चुके हैं। सिडनी में उनके प्रदर्शन ने सबको प्रभावित किया। यह भारत में आईपीएल 2025 के बाद उनकी पहली वनडे सीरीज होगी। शुभमन गिल की गर्दन की चोट के कारण उनकी भागीदारी संदिग्ध है। अगर वे नहीं खेलते तो केएल राहुल कप्तान बन सकते हैं। संभावित स्क्वॉड में यशस्वी जायसवाल, रिशभ पंत, साई सुदर्शन, देवदत्त पडिक्कल, तिलक वर्मा, नितीश कुमार रेड्डी, अक्षर पटेल, वॉशिंगटन सुंदर, कुलदीप यादव, अर्शदीप सिंह, मोहम्मद सिराज जैसे खिलाड़ी शामिल हो सकते हैं। युवा खिलाड़ियों को मौका मिलेगा, जो टी20 वर्ल्ड कप के लिए ट्रायल जैसा होगा।
दक्षिण अफ्रीका की टीम भी मजबूत है। कप्तान टेंबा बावुमा के नेतृत्व में क्विंटन डी कॉक, एडेन मार्कराम, हेनरिक क्लासेन, डेविड मिलर, केशव महाराज, कागिसो रबाडा जैसे सितारे हैं। वे टेस्ट चैंपियनशिप के विजेता हैं, इसलिए चुनौती बड़ी है। भारत घरेलू मैदान पर मजबूत है, लेकिन वनडे में संतुलन बनाना होगा। पिचें बल्लेबाजी के लिए अनुकूल होंगी, लेकिन तेज गेंदबाजों को मदद मिलेगी। भारत का लक्ष्य सीरीज जीतना है, लेकिन बिना बुमराह और पांड्या के गेंदबाजी आक्रमण पर दबाव पड़ेगा। अर्शदीप और सिराज को जिम्मेदारी निभानी होगी।
टी20 वर्ल्ड कप 2026 की तैयारी के लिए यह रणनीति सही है। भारत को 2024 टी20 वर्ल्ड कप की हार से सबक लेना है। हार्दिक और बुमराह जैसे खिलाड़ी उसमें अहम होंगे। प्रबंधन का फोकस फिटनेस और फॉर्म पर है। सैयद मुश्ताक अली ट्रॉफी में हार्दिक की निगरानी होगी। अगर वे फिट रहे तो टी20 सीरीज में धमाल मचाएंगे। बुमराह की रेस्ट से अन्य गेंदबाजों को मौका मिलेगा। यह सीरीज युवाओं के लिए प्लेटफॉर्म बनेगी। रोहित और कोहली की मौजूदगी से टीम का मनोबल ऊंचा रहेगा।
पिछले दौरों को देखें तो भारत ने दक्षिण अफ्रीका को घर पर अच्छा प्रदर्शन किया है। 2018 में वनडे सीरीज 2-1 से जीती। लेकिन साउथ अफ्रीका ने 2022 में टी20 वर्ल्ड कप सेमीफाइनल में भारत को हराया था। इस बार बदला लेने का मौका है। दक्षिण अफ्रीका की टीम में अनुभवी बल्लेबाज हैं, लेकिन गेंदबाजी में रबाडा चोट से जूझ रहे हैं। भारत को मौसम का फायदा मिलेगा- सर्दी में गेंद स्विंग करेगी। दर्शकों की भीड़ स्टेडियम भर देगी। जयपुर में राजस्थानी ठाठ-बाट, रायपुर में छत्तीसगढ़ी जोश और विशाखा में आंध्र का स्वागत।
बीसीसीआई ने स्क्वॉड 19 नवंबर को घोषित करने की योजना बनाई थी, लेकिन देरी हो रही है। चयन समिति गौतम गंभीर के नेतृत्व में बैठक कर रही है। शुभमन गिल टेस्ट में कप्तान हैं, लेकिन वनडे में राहुल या रोहित संभालेंगे। पंत उपकप्तान हो सकते हैं। महिलाओं की टीम भी दक्षिण अफ्रीका से खेल रही है, लेकिन पुरुषों पर फोकस ज्यादा है। लाइव प्रसारण स्टार स्पोर्ट्स और जियो सिनेमा पर होगा। टिकट बुकिंग शुरू हो चुकी है।
What's Your Reaction?