Viral News: हरिद्वार के गोविंदपुरी घाट पर रील के चक्कर में गई जान, गंगनहर में डूबने की दुखद घटना।
उत्तराखंड के पवित्र शहर हरिद्वार में गंगा नदी के किनारे बसे गोविंदपुरी घाट पर रविवार शाम एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जिसने न ...
उत्तराखंड के पवित्र शहर हरिद्वार में गंगा नदी के किनारे बसे गोविंदपुरी घाट पर रविवार शाम एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जिसने न केवल स्थानीय लोगों को बल्कि पूरे देश को झकझोर कर रख दिया। सोशल मीडिया पर रील बनाने की चाहत में एक युवक की जान चली गई, जब वह गंगनहर में नहाते समय तेज बहाव में बह गया। घटना रविवार, 15 जून 2025 की शाम की है, जब उत्तर प्रदेश के सहारनपुर के पंजाबी बाग निवासी 40 वर्षीय विकास, पुत्र रामचंद्र, अपने तीन दोस्तों—प्रमोद कुमार, सागर, और विवेक त्यागी—के साथ हरिद्वार घूमने आया था। ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत गोविंदपुरी घाट पर ये चारों दोस्त गंगा में स्नान करने उतरे।
विकास ने अपने दोस्त से मोबाइल पर वीडियो रिकॉर्ड करने को कहा ताकि वह सोशल मीडिया पर रील बना सके। वीडियो में बेहतर शॉट लेने की कोशिश में विकास रेलिंग को पार कर गंगनहर के गहरे पानी में चला गया। गंगा का तेज बहाव उसे अपनी चपेट में ले लिया, और वह डूब गया। हैरानी की बात यह रही कि विकास का दोस्त इस दौरान वीडियो बनाता रहा और उसे बचाने का कोई प्रयास नहीं किया। वीडियो में साफ दिख रहा है कि विकास तेज बहाव में बहता चला गया, लेकिन उसका दोस्त केवल रिकॉर्डिंग पर ध्यान देता रहा। इस घटना ने सोशल मीडिया पर तीखी प्रतिक्रियाओं को जन्म दिया है, जहां लोग दोस्त की असंवेदनशीलता और रील बनाने की लापरवाही पर सवाल उठा रहे हैं।
- पुलिस और बचाव कार्य
ज्वालापुर कोतवाली के प्रभारी अमरजीत सिंह ने बताया कि घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और जल पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं। गोताखोरों और एनडीआरएफ की मदद से विकास की तलाश शुरू की गई। सोमवार, 16 जून को विकास का शव रानीपुर झाल के पास पथरी पावर हाउस से बरामद किया गया। शव को पोस्टमॉर्टम के लिए जिला अस्पताल की मोर्चरी में भेज दिया गया। पुलिस ने विकास के परिवार को सूचित कर दिया, और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस के अनुसार, विकास और उसके दोस्त कार से हरिद्वार घूमने आए थे। यह हादसा उस समय हुआ जब वे गोविंदपुरी घाट पर गंगा में स्नान कर रहे थे। प्रभारी अमरजीत सिंह ने कहा, “यह बेहद दुखद घटना है। हम लोगों से अपील करते हैं कि वे गंगा के घाटों पर स्नान करते समय सावधानी बरतें और रेलिंग के बाहर न जाएं।”
- गंगा के घाटों पर सुरक्षा
हरिद्वार में गंगा के घाट, जैसे हर की पौड़ी, गोविंदपुरी घाट, और वीआईपी घाट, श्रद्धालुओं और पर्यटकों के बीच बेहद लोकप्रिय हैं। गंगा नदी की पवित्रता और आध्यात्मिक महत्व के कारण हर साल लाखों लोग यहां स्नान करने आते हैं। हालांकि, गंगा की तेज धार और गहरे पानी के कारण डूबने की घटनाएं अक्सर सामने आती हैं। गोविंदपुरी घाट पर रेलिंग और जंजीरें सुरक्षा के लिए लगाई गई हैं, ताकि लोग गहरे पानी में न जाएं। फिर भी, रील बनाने की होड़ और लापरवाही के कारण लोग इन सुरक्षा उपायों को नजरअंदाज कर देते हैं। पिछले कुछ महीनों में हरिद्वार और आसपास के क्षेत्रों में गंगा और गंगनहर में डूबने की कई घटनाएं दर्ज की गई हैं। उदाहरण के लिए, 6 जून 2025 को निर्जला एकादशी के अवसर पर हर की पौड़ी पर जम्मू-कश्मीर से आए एक श्रद्धालु विशाल को गंगा की तेज धार में डूबने से पीएसी की 40वीं वाहिनी ने बचा लिया था। उस घटना में भी रेस्क्यू का वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें राहत दल की तत्परता की सराहना की गई थी।
यह हादसा सोशल मीडिया पर रील बनाने की बढ़ती प्रवृत्ति और इसके खतरों को उजागर करता है। हाल के वर्षों में, लोग आकर्षक वीडियो और रील्स के लिए खतरनाक स्टंट करने लगे हैं, जिसके परिणामस्वरूप कई बार जानलेवा हादसे हो रहे हैं। हरिद्वार में ही 13 सितंबर 2024 को विष्णु घाट पर एक लड़की रील बनाते समय गंगा में गिर गई थी, हालांकि उसने खुद को बचा लिया था। उस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, और लोगों ने रील बनाने की लापरवाही की आलोचना की थी। विकास की घटना में दोस्त की असंवेदनशीलता ने इस चर्चा को और गंभीर बना दिया है। सोशल मीडिया पर लोग इस बात पर नाराजगी जता रहे हैं कि दोस्त ने वीडियो बनाने को प्राथमिकता दी, जबकि विकास की जान खतरे में थी। एक यूजर ने X पर लिखा, “रील बनाना इतना जरूरी हो गया कि दोस्त की जान की परवाह ही नहीं रही। यह बेहद शर्मनाक है।” सुरक्षा विशेषज्ञों और स्थानीय प्रशासन का कहना है कि गंगा के घाटों पर स्नान करते समय सावधानी बेहद जरूरी है। गंगा की तेज धार और गहरे गड्ढों के कारण छोटी सी लापरवाही भी जानलेवा हो सकती है। हरिद्वार के आपदा राहत दल के एक अधिकारी ने बताया, “हमारे घाटों पर जंजीरें और रेलिंग्स इसलिए लगाई गई हैं ताकि लोग सुरक्षित रहें। लेकिन रील बनाने के चक्कर में लोग इन सीमाओं को लांघ जाते हैं, जिससे हादसे होते हैं।” स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे गंगा में स्नान करते समय रेलिंग के बाहर न जाएं और सुरक्षा नियमों का पालन करें। इसके अलावा, रील बनाने के दौरान खतरनाक स्थानों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है।
- गंगा में डूबने की अन्य घटनाएं
हरिद्वार और गंगा नदी के अन्य घाटों पर डूबने की घटनाएं कोई नई बात नहीं हैं। हाल के कुछ उदाहरणों में:
25 दिसंबर 2024: गुजरात के एक परिवार के दो मासूम बच्चे, 13 वर्षीय प्रत्यूषा और 6 वर्षीय दर्श, संतमत घाट पर गंगा स्नान के दौरान डूब गए। पुलिस और गोताखोरों ने उनके शव बरामद किए।
6 जून 2025: पटना के अंटा घाट पर दो किशोर, संकल्प और रोहित, गंगा में स्नान करते समय डूब गए। एक का शव बरामद हुआ, जबकि दूसरे की तलाश जारी रही।
19 फरवरी 2023: गाजियाबाद के एक 17 वर्षीय छात्र आयुष, जो देहरादून में एनडीए की तैयारी कर रहा था, हरिद्वार के ओम पुल के पास गंगा में डूब गया। उसका शव 24 घंटे बाद भी नहीं मिला था।
इन घटनाओं से साफ है कि गंगा के घाटों पर सावधानी की कमी और खतरनाक गतिविधियां हादसों का प्रमुख कारण हैं। इस हादसे के बाद स्थानीय प्रशासन ने गोविंदपुरी घाट और अन्य घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त करने का फैसला किया है। पुलिस और आपदा राहत दल की मौजूदगी बढ़ाने के साथ-साथ जागरूकता अभियान चलाने की योजना बनाई जा रही है। स्थानीय व्यापारियों और पर्यटन विभाग ने भी लोगों से अपील की है कि वे गंगा में स्नान करते समय सावधानी बरतें और रील बनाने जैसे जोखिम भरे कामों से बचें। सोशल मीडिया पर भी इस घटना ने लोगों को जागरूक करने का काम किया है। कई यूजर्स ने X पर लिखा कि रील और लाइक्स की चाहत में जान जोखिम में डालना समझदारी नहीं है। एक यूजर ने लिखा, “गंगा में स्नान आस्था का प्रतीक है, लेकिन इसे स्टंट का हिस्सा बनाना गलत है।” विकास की मौत एक दुखद घटना है, जो न केवल व्यक्तिगत नुकसान है, बल्कि समाज को एक बड़ा सबक भी देती है। सोशल मीडिया की चमक-दमक और रील बनाने की ललक में लोग अपनी और दूसरों की सुरक्षा को नजरअंदाज कर रहे हैं। हरिद्वार जैसे पवित्र स्थानों पर जहां लाखों लोग आस्था के साथ स्नान करने आते हैं, वहां सुरक्षा नियमों का पालन और जागरूकता बेहद जरूरी है।
हरिद्वार के ज्वालापुर कोतवाली क्षेत्र में एक युवक की गंगनहर में डूबने से मौत हो गई। मृतक युवक अपने दोस्त से वीडियो बनवा रहा था, तभी वह रेलिंग पार करते हुए आगे बढ़ गया और तेज बहाव में आकर डूब गया। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।#Haridwar | #GangaNahar |… pic.twitter.com/XKOgud4QHh — NDTV India (@ndtvindia) June 17, 2025
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