बिहार चुनाव 2025: बीजेपी अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने पुष्टि की, नीतीश कुमार ही रहेंगे मुख्यमंत्री।

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के परिणामों के बाद राज्य की राजनीति में नई सरकार गठन की प्रक्रिया तेज हो गई है। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन

Nov 17, 2025 - 14:02
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बिहार चुनाव 2025: बीजेपी अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने पुष्टि की, नीतीश कुमार ही रहेंगे मुख्यमंत्री।
बिहार चुनाव 2025: बीजेपी अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने पुष्टि की, नीतीश कुमार ही रहेंगे मुख्यमंत्री।

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के परिणामों के बाद राज्य की राजनीति में नई सरकार गठन की प्रक्रिया तेज हो गई है। राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) ने 243 सीटों में से 202 सीटें जीतकर भारी बहुमत हासिल किया है। इस ऐतिहासिक जीत के बीच बिहार बीजेपी अध्यक्ष दिलीप जायसवाल ने आजतक के साथ विशेष साक्षात्कार में स्पष्ट कर दिया कि जनता दल (यूनाइटेड) के नेता नीतीश कुमार ही अगले मुख्यमंत्री के रूप में कार्यभार संभालेंगे। जायसवाल ने कहा कि गठबंधन साझेदारों द्वारा औपचारिक चयन की प्रक्रिया शेष है, लेकिन नीतीश कुमार का नेतृत्व तय है। यह बयान एनडीए की एकजुटता को दर्शाता है और विपक्ष की अटकलों पर विराम लगाता है। जायसवाल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और नीतीश कुमार की मेहनत से बिहार को विकास की नई दिशा मिलेगी।

चुनाव परिणाम 14 नवंबर 2025 को घोषित हुए थे। एनडीए की जीत को ऐतिहासिक बताया जा रहा है, क्योंकि गठबंधन ने पिछले चुनाव की तुलना में और मजबूत प्रदर्शन किया। बीजेपी को 89 सीटें मिलीं, जो सबसे बड़ी पार्टी बन गई। नीतीश कुमार की जेडीयू को 85 सीटें प्राप्त हुईं। अन्य सहयोगी दलों में लोजपा (रा) को 18, हिंदुस्तानी अवाम मोर्चा को 6 और विकासशील इंसान पार्टी को 4 सीटें मिलीं। विपक्षी महागठबंधन को करारी शिकस्त मिली। राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) को मात्र 25 सीटें, कांग्रेस को 5 और वामपंथी दलों को 7 सीटें ही हासिल हुईं। जन सुराज पार्टी जैसे नए दलों को कोई सीट न मिलने से प्राशांत किशोर की चुनौती नाकाम रही। मुख्य चुनाव आयुक्त राजीव कुमार ने कहा कि मतगणना शांतिपूर्ण रही और 67 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ था।

दिलीप जायसवाल का यह बयान पटना में जारी राजनीतिक गतिविधियों के बीच आया है। 16 नवंबर को जायसवाल ने मुख्यमंत्री आवास जाकर नीतीश कुमार से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि पहले व्यस्तता के कारण मुलाकात न हो पाई, इसलिए बधाई देने गए। जायसवाल ने स्पष्ट किया कि कैबिनेट की बैठक में वर्तमान सरकार भंग करने की सिफारिश की जाएगी और नई सरकार गठन की प्रक्रिया शुरू होगी। उन्होंने विपक्ष के आरोपों पर पलटवार किया। कांग्रेस के संविधान पर टिप्पणियों को खारिज करते हुए कहा कि कांग्रेस मानसिक रूप से परेशान है और उनके नेता अभी परिपक्व नहीं हुए। जायसवाल ने आरजेडी पर जंगल राज लौटाने की कोशिश का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जनता ने विकास और सद्भाव का साथ दिया।

नीतीश कुमार का दसवां कार्यकाल शुरू होने की उम्मीद है। 17 नवंबर को वे राज्यपाल को इस्तीफा सौंप सकते हैं। राजभवन सूत्रों के अनुसार, शपथ ग्रहण समारोह 20 नवंबर को गांधी मैदान में होगा। इसके लिए मैदान को 20 नवंबर तक आम जनता के लिए बंद कर दिया गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शामिल होने की संभावना है। जेडीयू नेता श्याम राजक ने कहा कि एनडीए के पांचों पांडव एकजुट हैं। चुनाव नीतीश कुमार के नेतृत्व में लड़े गए और वे ही अगले मुख्यमंत्री होंगे। जेडीयू ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा था कि नीतीश कुमार थे, हैं और रहेंगे बिहार के मुख्यमंत्री। हालांकि, यह पोस्ट बाद में हटा ली गई, जिससे अटकलें तेज हुईं। लेकिन बीजेपी की पुष्टि से साफ हो गया कि कोई बदलाव नहीं होगा।

चुनाव से पहले बीजेपी ने नीतीश कुमार को ही मुख्यमंत्री पद का चेहरा घोषित किया था। जून 2025 में जायसवाल ने कहा था कि 2025 चुनाव नीतीश के नेतृत्व में लड़े जाएंगे। अमित शाह ने भी कहा था कि विधायक तय करेंगे, लेकिन गठबंधन नीतीश के साथ है। चुनाव प्रचार में पीएम मोदी ने कई रैलियां कीं। उन्होंने नीतीश को बिहार का लोहा बताया। महिलाओं और अत्यंत पिछड़े वर्गों में नीतीश की लोकप्रियता ने एनडीए को फायदा पहुंचाया। बीजेपी को अपेक्षा से ज्यादा सीटें मिलीं, लेकिन सहयोगी दलों का सम्मान बनाए रखने के लिए नीतीश को ही चुना गया। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और विजय कुमार सिन्हा ने भी नीतीश से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि नई कैबिनेट में बीजेपी को दो उपमुख्यमंत्री, स्पीकर और अन्य महत्वपूर्ण पद मिलेंगे।

विपक्ष की हार ने आंतरिक कलह उजागर कर दिया। आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य ने राजनीति छोड़ने और परिवार को त्यागने का ऐलान किया। उन्होंने तेजस्वी यादव के करीबी संजय यादव पर आरोप लगाए। रोहिणी ने कहा कि पैसे का वितरण चुनाव तक चला, जिससे हार हुई। तेजस्वी ने इसे परिवार का आंतरिक मामला बताया। कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने हार स्वीकार की, लेकिन चुनाव में धांधली का आरोप लगाया। जायसवाल ने इसे खारिज करते हुए कहा कि जनता का फैसला अंतिम है। प्राशांत किशोर ने कहा कि नीतीश कुमार चुनाव का एक्स फैक्टर थे। जनता जंगल राज नहीं चाहती थी।

नई सरकार गठन की प्रक्रिया तेज है। 17 नवंबर को विधानसभा सत्र बुलाया जा सकता है। नीतीश कुमार ने कहा कि विकास पर फोकस रहेगा। पिछले कार्यकाल में ग्रामीण विकास, शिक्षा और स्वास्थ्य पर जोर दिया गया। विधवाओं, वृद्धों और दिव्यांगों की पेंशन 400 से बढ़ाकर 1100 रुपये की गई। महिलाओं को सशक्तिकरण योजनाओं से लाभ मिला। बीजेपी ने कहा कि मोदी की गारंटी और नीतीश का विश्वास एनडीए की जीत का राज है। जायसवाल ने कहा कि बिहार अब गरीबी और बेरोजगारी से ऊपर उठेगा। नई कैबिनेट में 29 मंत्रियों में से अधिकांश विधायक जीत चुके हैं। पावर शेयरिंग पर चर्चा चल रही है। बीजेपी को अधिक मंत्रालय मिल सकते हैं।

यह जीत राष्ट्रीय स्तर पर भी महत्वपूर्ण है। महाराष्ट्र और हरियाणा के बाद बिहार की सफलता से बीजेपी का मनोबल बढ़ा। विपक्ष को झटका लगा। आरजेडी को 75 से घटकर 25 सीटें मिलीं। तेजस्वी यादव ने कहा कि यह बदलाव का चुनाव था, लेकिन जनता ने विकास चुना। नीतीश कुमार ने धन्यवाद ज्ञापित किया। उन्होंने कहा कि एनडीए एक परिवार है। जेडीयू नेता संजय झा ने कहा कि सरकार गठन पर चर्चा जारी है। सभी साझेदार खुश हैं।

बिहार की राजनीति में नीतीश कुमार का योगदान अहम रहा। वे 20 वर्षों से मुख्यमंत्री हैं। दसवीं बार शपथ लेने वाले बनेंगे। उनकी नीतियां महिलाओं और पिछड़ों के लिए वरदान साबित हुईं। शराबबंदी, शिक्षा सुधार और सड़क निर्माण ने छवि मजबूत की। लेकिन उम्र और स्वास्थ्य पर सवाल उठे। फिर भी, पार्टी ने समर्थन दिया। जायसवाल ने कहा कि नीतीश का अनुभव बिहार के लिए जरूरी है।

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